मंगलवार, 30 अगस्त 2022

राज्य सरकार सभी मांगों को करेगी पूरा। अभियान शुरू। देखिए ये रिपोर्ट


गोपालगंज में समान काम के लिए समान वेतन , राज्य कर्मी का दर्जा देने और पुरानी पेंशन लागू करने सहित अन्य मांगों को लेकर जिले के नियोजित शिक्षकों ने आंदोलन तेज वूं वु कर दिया है । इस क्रम में सोमवार को बिहार राज्य प्रारंभिक शिक्षक संघ गोपालगंज के आह्वान पर जिले के शिक्षकों ने हस्ताक्षर अभियान की शुरूआत की । संघ के जिलाध्यक्ष रतिकांत साह ने बताया कि सूबे के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने वादा किया था कि महागठबंधन की सरकार बनने पर राज्य के नियोजित शिक्षकों को राज्य कर्मी का दर्जा पुरानी पेंशन योजना , समान काम का समान वेतन सहित सारी सुविधाएं मुहैया कराई जाएगी । सूबे के शिक्षा मंत्री ने कहा है कि बिहार के शिक्षक अपने स्कूलों में शैक्षणिक माहौल को बेहतर बनाएं तो राज्य सरकार उनकी सभी मांगों को पूरा कर देगी । इसको लेकर सभी नियोजित शिक्षक हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से ज्ञापन सौंप कर नई सरकार से अपना वादा पूरा करने की मांग करेंगे ।हस्ताक्षर अभियान में शिक्षक जलेसर प्रसाद ,  ताजुद्दीन , नितेश कुमार के साथ अन्य शिक्षक भी शामिल थे। 

आपको बता दे की  गोपालगंज शहर स्थित जिला कार्यालय में सोमवार को प्रारंभिक माध्यमिक शिक्षक संघ की भी बैठक हुई । बैठक की अध्यक्षता संघ के जिलाध्यक्ष रणदीप सिंह ने की । बैठक में प्रखंड स्तरीय व जिला स्तरीय मुद्दों पर चर्चा की गई । जिला अध्यक्ष ने कहा कि संघ | को मजबूती प्रदान करने हेतु आवश्यक कदम उठाए जाएंगे । जिले किसी भी शिक्षक को यदि कोई समस्या हो तो संघ के | पदाधिकारी से मिलकर अपनी समस्या से अवश्य अवगत कराएं , ताकि समस्या का समाधान जिला स्तर पर कराया जा सके । | बैठक में एरियर भुगतान , नव नियुक्त शिक्षकों का सेवा पुस्तिका , महगाई भत्ता का एरियर भुगतान , अर्जिता अवकाश संबंधी पत्र निर्गत आदि पर विस्तृत चर्चा की गई । जिलाध्यक्ष ने संघ द्वारा आयोजित शिक्षक सम्मान समारोह में जिला से शिक्षक को चयनित करने पर चर्चा की । बैठक में जिले के सभी प्रखंडों से शिक्षक प्रतिनिधि ने भाग लिया ।




सोमवार, 29 अगस्त 2022

प्रबंधन समिति की निगरानी में प्रधानाध्यापक और शिक्षक करेंगे कार्य। देखिए ये रिपोर्ट




राज्य के सभी 9430 माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों की प्रबंध समितियों को व्यापक अधिकार दिए गए हैं। इससे संबंधित प्रविधान बिहार राजकीयकृत माध्यमिक उच्च माध्यमिक विद्यालय प्रबंध समिति गठन एवं संचालन नियमावली में किए गए हैं। यह तत्काल प्रभाव से लागू भी है।प्रविधान के मुताबिक प्रधानाध्यापकों एवं शिक्षकों के कार्यकलापों पर प्रबंध समिति की निगरानी रहेगी . विद्यालय के शैक्षणिक वातावरण में सुधार , शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों पर नियंत्रण , उन्हें समयनिष्ठ बनाना , उपस्कर एवं अन्य सामग्री का संरक्षण उनका लेखा , रिक्त पदों पर नियुक्ति के लिए सक्षम प्राधिकार का ध्यान आकृष्ट कराना , शिक्षक प्रशिक्षण की व्यवस्था संचालन में अभिभावकों एवं स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों के सहयोग की व्यवस्था , विद्यालय भवन की मरम्मती एवं सफाई की व्यवस्था , विद्यालय के विकास कार्यक्रमों की व्यवस्था , अनुदान राशि का समय पर उपयोग व लेखा संधारण की व्यवस्था जैसे अधिकार प्रबंध समितियों को दिए गए हैं। प्रबंध समिति के सभी निर्णय बहुमत द्वारा लिए जायेंगे। 

शिक्षा विभाग ने नए प्रविधान के तहत प्रबंध समितियों के लिए विद्यालय विकास कार्य योजना बनाकर उसका ससमय क्रियान्वयन को अनिवार्य कर दिया है। यहां तक कि प्रबंध समिति की बैठक समय - समय पर बुलाने , शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों पर पूर्ण नियंत्रण , विद्यालय में समुचित अनुशासन , शिक्षण की प्रगति , पाठ्यक्रम के तहत शिक्षको की प्रगति , विद्यालय भवन , उपस्कर , पाठ्यसामग्री , कक्षा , प्रयोगशाला , पुस्तकालय की समुचित साफ - सफाई , मासिक , त्रैमासिक , अद्ववार्षिक एवं वार्षिक परीक्षाओं का समय से संचालन , मूल्यांकन एवं परीक्षाफल , खेलकूद एकेडमिक कैलेंडर का जिम्मा भी प्रबंध समितियों के अधिकार में होगा। 

सोमवार, 1 अगस्त 2022

स्कूल जांच मे एमडीएम की गुणवत्ता मानक के अनुरूप नहीं । प्रधानाध्यापक ने दिया जवाब। देखिए ये रिपोर्ट


विक्रमगंज। स्कूली बच्चों को पोषण युक्त आहार उपलब्ध कराने के लिए विद्यालयों में संचालित मध्याहन भोजन योजना का नाम बदल कर प्रधानमंत्री पोषण योजना कर दिया गया है । नाम बदलने के बाद भी विद्यालयों में दिए जाने वाले मिड डे मील की तस्वीर नहीं बदली है । इन दिनों पंचायतों में संचालित स्कूलों की जांच की जा रही है । निरीक्षण के दौरान 60 फीसदी से अधिक विद्यालयों में संचालित एमडीएम योजना की गुणवत्ता में कमी पाई जा रही है । निरीक्षण से स्पष्ट है कि कहीं बच्चों को कम एमडीएम दिया जा रहा है , तो कहीं है । बताया जाता है कि लिमिट और महंगाई ने प्रधानमंत्री पोषण योजना का जायका बिगाड़ दिया है । 

प्रधानमंत्री पोषण योजना के तहत एक पांच कक्षा के बच्चों को 4.97 रुपये और कक्षा छह से आठ तक के छात्रों को 7.45 रुपये की दर से पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराना है । दाल , सब्जी , तेल , रसोई गैस की कीमतों में प्रत्येक दिन तेजी आ रही है । ऐसे में प्रधानाध्यापक के लिए इतनी कम राशि में गुणवत्तायुक्त भोजन उपलब्ध कराना बड़ी चुनौती साबित हो रहा है ।

दूसरी ओर विद्यालयों का लिमिट तय कर दिया गया है । किसी विद्यालय में अगर 70 या 80 प्रतिशत बच्चे आते हैं , तो भी प्रधानाध्यापक को 63 प्रतिशत बच्चे के लिए निर्धारित राशि ही मिलेगी । ऐसे में शेष बच्चों को प्रधानाध्यापक अपनी जेब से कैसे मध्याह्न भोजन खिलाएंगे । प्रधानमंत्री पोषण योजना में किसी भी प्रकार की खर्च की गई राशि का भुगतान पीएफएमएस के माध्यम से किया जाना है । यह राशि भी सीधे वेंडर के खाते में जाएगी । शिक्षक शेखर गुप्ता ने कहा कि पीएफएमस प्रणाली से राशि भुगतान में काफी परेशानी आती है । अभी तक आधे विद्यालयों का भी बीते माह के विपत्र का भुगतान नहीं हो पाया है । प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी रेणु देवी कहती हैं कि पोर्टल पर विपत्र अपलोड करने में समस्या आ रही है । इसके बावजूद 50 प्रतिशत से अधिक के विपत्र का भुगतान हो गया है । 

सोमवार, 25 जुलाई 2022

शिक्षकों का नियोजन रद्द कर वेतन लौटाने का आदेश। देखिए रिपोर्ट


करगहर प्रखंड क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों में कार्यरत फर्जी प्रमाण पत्र के आधार पर नियोजित 14 शिक्षकों का नियोजन रद्द कर दिया गया । इस आशय की जानकारी बीईओ राज किशोर यादव ने दी । उन्होंने बताया कि जिला कार्यक्रम पदाधिकारी के निर्देश पर उच्चतर माध्यमिक शिक्षा परिषद दिल्ली से निर्गत इंटरमीडिएट के अंकपत्र व प्रमाण पत्रों के आधार पर नियोजन का लाभ लेने वाले शिक्षकों का नियोजन रद्द करते हुए उनके विरुद्ध आवश्यक कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया है ।

उन्होंने बताया कि यह संस्था बिहार सरकार द्वारा अमान्य घोषित की गई है । इसके बाद भी नियोजन इकाइयों द्वारा शिक्षक पद पर नियोजित कर दिया गया । 2008 से 2012 के बीच किए गए नियोजित शिक्षकों का वेतन लौटाने का आदेश दिया गया है । उन्होंने बताया कि फर्जी प्रमाण के आधार पर उत्क्रमित मध्य  विद्यालय कुडिआरी , संजय सिंह ,  मोहम्मद औरंगजेब आलम , प्राथमिक विद्यालय कनक सेमरियां हाजरा खातून , प्राथमिक विद्यालय ठोरसन मनोज कुमार पासवान प्राथमिक विद्यालय अमवलिया सदानमोइन आरजु , प्राथमिक विद्यालय अमवलिया पुष्पा कुमारी प्राथमिक विद्यालय घोरडीहां रंभा कुमारी प्राथमिक विद्यालय कौवाखोच संगीता कुमारी , प्राथमिक विद्यालय उग्रसेनपुर गोपाल तिवारी , प्राथमिक विद्यालय खड़कपुरा सुनीता कुमारी , प्राथमिक विद्यालय मठिया रसूलपुर हिमांशु सिंह , प्राथमिक विद्यालय जैतपुरा माधुरी कुमारी व रमेश कुमार सिंह सहित 14 नियोजित शिक्षकों का प्रमाण पत्र फर्जी पाए जाने पर नियोजन रद्द किया गया है ।

चयन रद्द करने वाले शिक्षकों ने बताया कि बिहार सरकार द्वारा जारी किए गए अमान्य संस्थाओं की सूची में इस संस्था का नाम नहीं है । फिर भी जिला कार्यक्रम पदाधिकारी द्वारा भावना से ग्रसित होकर यह कार्रवाई की गई है । जो जांच का विषय है ।




 

गुरुवार, 14 जुलाई 2022

जांच में शिक्षको का कटा वेतन। प्रधानाध्यापक को हटाने की मांग। देखिए यह रिपोर्ट




राज्य सरकार के निर्देश के आलोक में प्रत्येक बुधवार को योजनाओं की मौके पर की जाने वाली जांच में बेनीपुर के जिलाधिकारी राजीव रौशन और संबंधित अधिकारियों ने पंचायतों जाकर योजनाओं और शिक्षण संस्थानों की जांच की । जिसमें गंभीर अनियमितता सामने आई । जिलाधिकारी स्वयं पोहद्दी पंगायत में जांच के लिए पहुंचे । जिलाधिकारी के साथ क्षेत्रीय विधायक डॉ . विनय कुमार चौधरी भी थे । इस क्रम में जब जिलाधिकारी पोहद्दी पंचायत के उत्क्रमित माध्यमिक विद्यालय पर पहुंचे , तो विद्यालय बंद मिला। इस दौरान ग्रामीणों ने स्कूल में व्याप्त कुव्यवस्था , शैक्षणिक एवं वित्तीय अनियमितता को लेकर डी एम के सामने शिकायतों की बौछार कर दी ।विद्यालय में झूल रहे ताला एवं ग्रामीणों की शिकायत पर जिलाधिकारी ने तत्काल बीईओ इन्दु सिन्हा को तलब कर उन्हें जमकर फटकार लगाते हुए सभी शिक्षकों का 1 दिन का वेतन काटने  का आदेश दे दिया।वहीं ग्रामीणों ने प्रधानाध्यापक विनोद पासवान पर नशे के हालात में विद्यालय आने की शिकायत करते हुए उन्हें प्रधानाध्यापक कार्य से मुक्त करने की भी मांग की ।


इसके बाद जिलाधिकारी प्लस टू उच्च विद्यालय , महिनाम पहुंचे । जहां उन्होंने साफ - सफाई शैक्षणिक व्यवस्था आदि की गहन जांच की । इस दौरान शिक्षक बसंत कुमार को 11:00 बजे विद्यालय पहुंचने तथा लाइबेरियन श्रद्धा भारती को विद्यालय से कई दिनों से गायब होने का भी मामला प्रकाश में आया वैसे प्रधानाध्यापक ने कहा कि लाइबेरियन जिला में कहीं प्रति नियोजन पर है । महीना में उच्च विद्यालय पर एक से दो दिन विद्यालय आ जाती है ।


जिलाधिकारी के आने की सूचना मिलते ही स्थानीय लोगों की भीड़ उमड़ पड़ी और यहां भी व्याप्त शैक्षणिक व्यवस्था को लेकर स्थानीय लोगों ने डीएम से जमकर शिकायत करते हुए प्रधानाध्यापक विनोद कुमार को यहां से हटा देने की मांग की । जिलाधिकारी ने पढ़ा रहे शिक्षकों की बीच गये जहां छात्रा नन्दनी कुमारी से सवाल किये , फिर शिक्षकों से भी गणित से सवाल किए फिर शिक्षक घनश्याम झा ने सहजता से सवाल छात्रों को समझाया विद्यालय की शैक्षणिक व्यवस्था सुदृढ़ करने के लिए शिक्षकों के साथ बैठक कर कई सुझाव दिए । पोहद्दी पंचायत के आरटीपीएस काउंटर का निरीक्षण किया । जहां कार्यपालक सहायक अंशु कुमारी आरटीपीएस काउंटर संचालन की महज खानापूरी में जुटी हुई थी । ग्रामीणों ने कहा कि आरटीपीएस काउंटर अधिकांश समय बंद ही रहता है । इसके अलावा वार्ड 12 एवं 7 में पीएचईडी विभाग द्वारा बने नल जल योजना का भी निरीक्षण किया जो पूर्णतः बंद मिला । इस दौरान विधायक डॉ . विनय कुमार चौधरी , प्रमुख चौधरी मुकुंद , पंचायत समिति सदस्य प्रेम कुमार , जदयू नेता अमित कुमार राय आदि मौजूद थे । 

बुधवार, 6 जुलाई 2022

राशि नही मिलने पर शिक्षको पर तलवार से वार। शिक्षको का भुगतान शुरू



राज्य में  हो गया है । नवनियुक्त प्रारंभिक शिक्षकों की संख्या तकरीबन 42 हजार है । शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी के निर्देश के बाद नवनियुक्त प्रारंभिक शिक्षकों का वेतन भुगतान शुरू हुआ है । अब तक कटिहार , नवादा , समस्तीपुर , रोहतास में नवनियुक्त शिक्षकों को गत फरवरी एवं मार्च माह के वेतन का भुगतान किया जा चुकाW है । कटिहार जिले के नवनियुक्त शिक्षकों के खाते में अप्रैल और मई का वेतन भी जल्द जाने वाला है । यह बात दीगर है कि कई जिलों में नवनियुक्त शिक्षकों को वेतन का अभी भी इंतजार है । नवनियुक्त शिक्षक सौरव कुमार ने बताया कि जमुई में अब तक कागजी प्रक्रिया ही चल रही है । उन्होंने बाकी जिलों में भी भुगतान को लेकर गतिरोध की स्थिति समाप्त करने का आग्रह किया है ।



अररिया जिले के जोकीहाट प्रखंड में भगवानपुर पंचायत के उत्क्रमित मध्य विद्यालय भगवानपुर में मंगलवार को एक अजीबोगरीब घटना घटी। विद्यालय में शिक्षक बच्चों को पढ़ा रहे थे। इसी बीच लुंगी पहने एक व्यक्ति अकबर  को गाली देने लगा। तलवार से मारने की धमकी दी। इस घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल है। अकबर के बच्चे उस विद्यालय में पढ़ते हैं।लेकिन अब तक उसके बच्चे को किताब और पोशाक राशि नहीं मिल पाई है। इस वजह से वह नाराज था।

शनिवार, 2 जुलाई 2022

सरकारी कर्मियों के लिए अच्छी खबर।वेतन में 6% की वृद्धि।देखिए ये रिपोर्ट



सरकारी कर्मचारियों के लिए एक बड़ी खबर आई है।मीडिया में चल रही खबरों के अनुसार  सरकार सरकारी कर्मचारियों के लगभग डेढ़ साल के डीए एरियर का एकमुश्त भुगतान करने का मन बना रही है  देश के 1 करोड़ से अधिक कर्मचारियों और पेंशन भोगियों के लिए यह अच्छी खबर है।  सरकारी कर्मी  काफी लंबे वक्त से अपने बकाया डीए की मांग कर रहे हैं।

आपको बता दें मार्च में हुए महंगाई के आंकड़ों में वृद्धि के चलते सरकारी कर्मचारियों का डीए यानी महंगाई भत्ता बढ़ाने का फैसला हुआ था।फिलहाल सरकारी कर्मचारियों को 34 फीसदी हिसाब से डीए मिल रहा है . हालांकि जल्द ही सरकारी कर्मचारियों के डीए में फिर से बढ़ोतरी होगी . माना जा रहा है कि सरकारी कर्मचारियों का डीए 4 से 6 फीसदी तक बढ़ सकता है . ऐसी उम्मीदें हैं कि सरकारी कर्मचारियों के डीए में इस साल जुलाई से ही बढ़ोतरी संभव है . अगर जुलाई में सरकारी कर्मचारियों का डीए 4 फीसदी तक बढ़ता है तो यह 38 फीसदी तक हो जाएगा।

गुरुवार, 31 मार्च 2022

शिक्षको के वेतन में हुई वृद्धि।मैट्रिक रिजल्ट का समय जारी।देखिए ये रिपोर्ट


शिक्षको और केंद्र सरकार के कर्मचारियों के लिए अच्छी खबर है । सूत्रों के मुताबिक सरकार ने उनके महंगाई भत्ते  में तीन फीसदी की बढ़ोतरी का फैसला किया है। डीए साल में दो बार जनवरी से जुलाई के बीच अपडेट किया जाता है । महंगाई भत्ते की वर्तमान दर को मूल वेतन से गुणा करके डीए का कैलकुलेशन किया जाता है । सरकारी कर्मचारियों और सार्वजनिक क्षेत्र के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को डीए दिया जाता है । यह कर्मचारियों को उनके रहने के खर्च में मदद करने के लिए दिया जाता है । डीए में बढ़ोतरी से केंद्रीय कर्मचारियों को राहत मिलेगी । इसके साथ ही केंद्रीय कर्मचारियों का डीए अब 31 फीसदी से बढ़कर 34 फीसदी हो गया है । यानी कि जनवरी 2022 में डीए में 3% की वृद्धि की गई है।

बिहार बोर्ड मैट्रिक का रिजल्ट आज एक बजे जारी होगा।

शिक्षा विभाग के सभागार में अपराह्न एक बजे वेबसाइट पर रिजल्ट जारी होगा । बिहार बोर्ड अध्यक्ष आनंद किशोर ने बताया कि रिजल्ट शिक्षा मंत्री विजय कुमार चौधरी जारी करेंगे । शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव संजय कुमार भी इस मौके पर मौजूद रहेंगे । पहली बार मैट्रिक का रिजल्ट मार्च में जारी हो रहा है । अभी तक अप्रैल या उसके बाद ही रिजल्ट निकलता था । 2021 में पांच अप्रैल , 2020 में पांच मई को रिजल्ट जारी हुआ था । कोरोना संक्रमण के कारण 2020 और 2021 में रिजल्ट जारी करने में देरी हुई थी । मैट्रिक परीक्षा 17 से 24 फरवरी तक ली गयी थी । परीक्षा में राज्यभर से 16 लाख 48 हजार परीक्षार्थी शामिल हुए थे ।


बुधवार, 30 मार्च 2022

समय सीमा के साथ स्कूल हुवा मॉर्निंग।देखिए ये रिपोर्ट



शिक्षा विभाग के द्वारा दिए गये आदेश के आलोक में पश्चिम चंपारण जिले के सभी प्रारंभिक विद्यालयों बुनियादी सहित  / माध्यमिक तथा उच्च माध्यमिक विद्यालयों में दिनांक 04.04.2022 से प्रातःकालीन सत्र का संचालन किया जाएगा। आपको बता दे कि प्रातःकालीन सत्र ग्रीष्मावकाश के पहले प्राथमिक / मध्य विद्यालय में दिनांक 07 जून  तक , राजकीय बुनियादी विद्यालय में दिनांक 31 मई तक एवं माध्यमिक तथा उच्च माध्यमिक विद्यालय दिनांक 22 मई तक संचालित करने का आदेश दिया गया है । ग्रीष्मावकाश के पश्चात सभी विद्यालय का संचालन पूर्व में निर्गत विभागीय निदेश के आलोक में संचालित होगा ।  विद्यालय प्रातःकालीन सत्र में पूर्वाहन 06 बजकर 30 मिनट से 11बजकर 30 मिनट  तक संचालित होगी तथा प्रारंभिक विद्यालयों में  मध्याहन भोजन  संचालित करने की व्यवस्था 11 बजकर 30 मिनट पूर्वाहन से की जाएगी।





डिजिटल पे स्लिप शिक्षक करे डाउनलोड। लिंक पर क्लिक करके।

 

डिजीटल पे स्लिप डाउनलोड करने के लिए शिक्षक नीचे दिए गए लिंक पर क्लिक करके अपना डिजिटल पे स्लिप डाउनलोड कर सकते है।


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✅ डाऊनलोड करने के लिए ऊपर के ब्लू लिंक में क्लिक करने से पेज खुलेगा।

✅ अपना UAN नं, आधार नं के अंतिम 5 अंक और जन्मतिथि दर्ज कर Search बटन पर क्लिक करें।

☑️ अपना मोबाइल नं दर्ज कर Send OTP पर क्लिक करें।

☑️ आपके मोबाइल पर SMS से जो OTP प्राप्त हुआ है उसे दर्ज कर verify करें।

✳️ आपके नाम का सूची आ जायेगा view पर क्लिक करने से आपका Pay-Slip डाऊनलोड हो जाएगा।


शिक्षको का एरियर भुगतान करने का आदेश जारी।देखिए ये रिपोरी



बेगूसराय के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी ने सभी बीइओ को आदेश दिया है कि 15 % वेतन वृद्धि के साथ वेतन निर्धारण उपरांत दिनांक 01.04.2021 से अंतर वेतन की राशि की गणना करते हुए सम्बंधित विपत्र अधोहस्ताक्षरी को पत्र निर्गत तिथि से 24 घंटे के अन्दर उपलब्ध करावे ताकि इस संबंध में अग्रेतर कार्रवाई की जा सके । विपत्र बनाते समय इस बात का विशेष ध्यान रखा जाय कि पूर्व में गलत वेतन निर्धारण के कारण भुगतान की गयी राशि का समायोजन करने के उपरांत ही विपत्र भेजा जाय । अन्यथा इसकी सम्पूर्ण जवाबदेही बीइओ की होगी । साथ ही डिजिटल हस्ताक्षरित निर्धारित विपत्र की प्रति उपलब्ध होने पर ही बकाया वेतन विपत्र उपस्थापित किया जाय , विपत्र बनाते समय अगर किसी भी प्रकार की त्रुटि FIXATION SIP मे दिखाई देती  तो इसकी सूचना यथाशीघ्र अधोहस्ताक्षरी को दे एव तत्पश्चात प्राप्त निदेश के बाद ही आगे की कार्रवाई करें । नीचे डिस्क्रिप्शन में पत्र का लिंक दिया हुआ है आप लिंक पर क्लिक करके पत्र डाउनलोड कर सकते है।






मंगलवार, 29 मार्च 2022

1 अप्रैल से स्कूल मॉर्निंग।वेतन मद में राशि जारी।देखिए ये रिपोर्ट

 


एक अप्रैल से स्कूलों में चलेगा मॉर्निंग क्लास। अधिकतम तापमान में वृद्धि को देखते हुए एक अप्रैल से जहानाबाद के सभी सरकारी तथा निजी स्कूलों में कक्षा एक से लेकर आठ तक का संचालन सुबह से होगा । जिला शिक्षा पदाधिकारी ने इस आशय का निर्देश जारी किया है । उन्होंने कहा है कि सभी विद्यालय सुबह साढ़े छह बजे से साढ़े 12 बजे तक संचालित किए जाएंगे । हिन्दी विद्यालय शनिवार तथा उर्दू विद्यालय गुरुवार को साढ़े छह बजे से 10 बजे तक संचालित किए जाएंगे ।

समग्र शिक्षा अभियान मद में 15 अरब 63 करोड़ 62 लाख 30 हजार 667 रुपये की राशि जारी हुई है । इसमें 9 अरब 40 करोड़ 19 लाख 22 हजार रुपये की राशि केंद्रांश मद की एवं 6 अरब 23 करोड़ 43 लाख 8 हजार 667 रुपये की राशि राज्यांश मद की है । यह राशि वर्तमान वित्तीय वर्ष 2021-22 के लिए है । आपको याद दिला दूं कि केंद्र सरकार ने सर्व शिक्षा अभियान , राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान एवं शिक्षक शिक्षा की योजनाओं को एकीकृत कर प्री स्कूल से 12 वीं कक्षा तक के लिए नयी योजना ' समग्र शिक्षा अभियान ' शुरू किया है।

सोमवार, 7 मार्च 2022

प्रधानाध्यापको के कार्यों की अब होगी निगरानी ।नए सत्र से लागू।देखिए ये रिपोर्ट


राज्य में राजकीयकृत , परियोजना एवं उत्क्रमित माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालयों में पदस्थापित प्रधानाध्यापकों कार्यों एवं शिक्षकों शैक्षणिक कार्यों की अब निगरानी होगी । यह व्यवस्था नए शैक्षणिक सत्र से लागू होगी । इसका खासा प्रविधान स्कूलों की प्रबंध समिति की संशोधित नियमावली में की गई है । प्रबंध समिति को व्यापक अधिकार भी दिए गए है। समिति को शैक्षणिक वित्तीय प्रशासनिक अधिकार भी दिए गए हैं शिक्षा विभाग के मुताबिक बिहार राजकीयकृत माध्यमिक उच्च माध्यमिक विद्यालय प्रबंध समिति गठन एवं संचालन नियमावली , 2022 के तहत स्कूलों के प्रधानाध्यापकों एवं शिक्षकों के कार्यकलापों पर प्रबंध समिति की निगरानी रहेगी । 


विद्यालय के शैक्षणिक वातावरण में सुधार हेतु समुचित अनशासन , शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों पर समुचित नियंत्रण शिक्षक एवं शिक्षकेतर कर्मचारियों को समयनिष्ठ बनाना , उपस्कर एवं अन्य सामग्री का संरक्षण उनका लेखा रिक्त पदों पर नियुक्ति के लिए सक्षम प्राधिकार का ध्यान आकृष्ट कराना , शिक्षकों के गहन प्रशिक्षण की व्यवस्था विद्यालय के संचालन में अभिभावकों एवं स्थानीय गणमान्य व्यक्तियों के सहयोग की व्यवस्था विद्यालय भवन की मरम्मती एवं सफाई की व्यवस्था विद्यालय के विकास कार्यक्रमों की व्यवस्था , विकास के लिए प्राप्त अनुदान राशि का समय पर उपयोग व लेखा संधारण की व्यवस्था तथा विद्यालय के हित में अन्य आवश्यक कार्रवाई के अधिकार प्रबंध समिति को दिये गये हैं ।

शुक्रवार, 4 मार्च 2022

नौकरी की उम्र और पेंशन देने की तैयारी कर रही सरकार।देखिए ये रिपोर्ट



कर्मचारियों के रिटायरमेंट की उम्र और पेंशन की राशि बढ़ाने पर दिल्ली सरकार विचार कर रही है । प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार समिति की तरफ से ये प्रस्ताव भेजा गया है । इसमें देश में लोगों के काम करने की उम्र सीमा बढ़ाई जाने की बात की गई है । साथ ही पीएम की आर्थिक सलाहकार समिति ने कहा है कि देश में रिटायरमेंट की उम्र बढ़ाने के साथ यूनिवर्सल पेंशन सिस्टम भी शुरू किया जाना चाहिए । समिति की रिपोर्ट के अनुसार , इस सुझाव के तहत कर्मचारियों को हर महीने कम से कम 2000 रुपये का पेंशन दिया जाना चाहिए । आपको बता दें कि आर्थिक सलाहकार समिति ने देश में सीनियर सिटीजन की सुरक्षा के लिए बेहतर व्यवस्था करने की सिफारिश की है । रिपोर्ट में कहा गया है कि अगर कामकाजी उम्र की आबादी को बढ़ाना है तो इसके लिए सेवनिर्विति की उम्र को बढ़ाने की सख्त जरूरत है । सामाजिक सुरक्षा प्रणाली परT दबाव को कम करने के लिए ऐसा किया जा सकता है । रिपोर्ट में 50 साल से ऊपर के व्यक्तियों के लिए भी स्किल डेवलपमेंट की बात भी कही गई है ।

गुरुवार, 3 मार्च 2022

प्रधानाध्याप नियक्ति में 50% अंक के साथ 8 साल का अनुभव जरूरी।परीक्षा में कटेंगे नंबर।देखिए ये रिपोर्ट



अप्रैल से राज्य के प्रारंभिक विद्यालयों में 40,506 प्रधान शिक्षकों और माध्यमिक उच्च माध्यमिक विद्यालयों में 6421 प्रधानाध्यापकों की नियुक्ति के लिए विज्ञापन निकाला जाएगा। इस पर शिक्षा विभाग और बिहार लोक सेवा आयोग के बीच सहमति बन गई है। दोनों पदों पर नियुक्ति के लिए लिखित परीक्षा होगी और 150 वस्तुनिष्ठ प्रश्न पूछे जाएंगे। शिक्षा विभाग से मिली जानकारी  के मुताबिक प्रत्येक प्रश्न एक अंक के होंगे। 0.25 प्रतिशत निगेटिव मार्किंग होगी। यानी चार प्रश्न के गलत उत्तर देने पर एक अंक कटेंगे। दो घंटे की परीक्षा होगी। परीक्षा में संबंधित हिंदी, अंग्रेजी, गणित, सामान्य अध्ययन और शिक्षक एप्टीट्यूट से जुड़े प्रश्न  पूछे जाएंगे। प्रधानाध्यापक का संवर्ग प्रमंडल और प्रधान शिक्षक का संवर्ग जिला स्तर का होगा। प्रधानाध्यापक का तबादला प्रमंडल और प्रधान शिक्षक का तबादला जिला स्तर पर होगा। राज्य सरकार के नियमित कर्मियों की तरह इन शिक्षकों को सरकार से मिलने वाली सुविधाओं का लाभ मिलेगा। प्रधान शिक्षक के सबसे अधिक 1980 खाली पद पटना जिले में हैं। जबकि प्रधानाध्यापक के सबसे अधिक पद 342 पूर्वी चंपारण रिक्त हैं। प्रधान शिक्षक के सबसे कम पद 216 शिवहर जिले में हैं।


आपको बता दे कि न्यूनतम 31 और अधिकतम 47 वर्ष आयु के शिक्षक प्रधानाध्यापक के लिए आवेदन के पात्र होंगे। 2012 या उसके प्रारंभिक बाद नियुक्त शिक्षक के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा में उत्तीर्ण होना आवश्यक  है। मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से कम से कम 50 प्रतिशत अंकों के साथ स्नातकोत्तर उतीर्ण होना चाहिए। एससी एसटी अति पिछड़ा, पिछड़ा, दिव्यांग, महिला और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के शिक्षक लिए न्यूनतम निर्धारित अंक में पांच प्रतिशत की छूट मिलेगी। मौलाना मजहरूल हक अरबी व फारसी विश्वविद्यालय, राज्य मदरसा शिक्षा बोर्ड द्वारा जारी आलिम की डिग्री और केएस डी एस शास्त्री की डिग्री को स्नातक के  समतुल्य माना जाएगा।


प्राथमिक विद्यालयों में प्रधान शिक्षक नियुक्ति के लिए पंचायत या नगर प्रारंभिक शिक्षक के पद पर न्यूनतम 8 साल तक लगातार सेवा कर चुके शिक्षक आवेदन कर सकेंगे। 2012 या उसके बाद नियुक्त शिक्षक के लिए शिक्षक पात्रता परीक्षा में उत्तीर्ण होना आवश्यक है।मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से कमसे कम 50 प्रतिशत अंकों के साथ सनातक उत्तीर्ण होना जरूरी है। एससी,एसटी, अति पिछड़ा, पिछडा, दिव्यांग,महिला और आर्थिक रूप से कमजोर के लिए न्यूनतम निर्धारित अंक में 5 प्रतिशत की छूट मिलेगी।